देहरादून
हिन्दू स्वाभिमान सम्मेलन में डॉ. प्रवीण तोगड़िया ने जनसंख्या असंतुलन, मुस्लिमो द्वारा अवैध घुसपैठ, भूमि अतिक्रमण और सामाजिक चुनौतियों पर जताई चिंता
हिन्दू स्वाभिमान सम्मेलन के लिए देहरादून में आये अंतर्राष्ट्रीय हिन्दू परिषद के संस्थापक एवं प्रख्यात समाजसेवी डॉ. प्रवीण तोगड़िया ने उत्तराखण्ड के विभिन्न सामाजिक एवं सुरक्षा संबंधी मुद्दों पर अपने विचार व्यक्त किए।
अपने संबोधन में डॉ. तोगड़िया ने कहा कि उत्तराखण्ड के पर्वतीय क्षेत्रों में मुसलामानों की हो रही अवैध घुसपैठ को तत्काल रोकने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि यदि इस विषय पर समय रहते प्रभावी कदम नहीं उठाए गए तो पर्वतीय क्षेत्रों की जनसांख्यिकीय स्थिति प्रभावित हो सकती है, जिसके दूरगामी परिणाम राष्ट्रीय सुरक्षा के दृष्टिकोण से गंभीर हो सकते हैं।
लैंड जिहाद और अवैध मदरसों मजारों द्वारा अवैध भूमि अतिक्रमण के विषय पर बोलते हुए उन्होंने आरोप लगाया कि प्रदेश में मदरसों एवं मजारों के नाम पर सरकारी तथा निजी भूमि पर अवैध कब्जों की घटनाएँ सामने आ रही हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की गतिविधियाँ भविष्य में सुरक्षा और सामाजिक संतुलन के लिए चुनौती बन सकती हैं तथा प्रशासन को इस दिशा में कठोर कार्रवाई करनी चाहिए।
डॉ. तोगड़िया ने तथाकथित “लव जिहाद” की घटनाओं पर भी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि उत्तराखण्ड जैसे शांतिप्रिय प्रदेश में इस प्रकार के मामलों में वृद्धि चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार इस विषय पर प्रभावी कदम उठाने में असफल रहती है तो समाज और विभिन्न संगठनों को जागरूकता एवं सामाजिक संरक्षण के लिए आगे आना पड़ेगा।
उन्होंने समाज की एकता, सांस्कृतिक संरक्षण तथा राष्ट्रहित के मुद्दों पर संगठित होकर कार्य करने का आह्वान किया।