*सरकारी दून मेडिकल कॉलेज में लगातार 3 जटिल लैप्रोस्कोपिक कैंसर सर्जरी सफलतापूर्वक संपन्न*
*देहरादून
सरकारी दून मेडिकल कॉलेज, देहरादून के *यूरोलॉजी विभाग* द्वारा पिछले सप्ताह लगातार 3 बड़ी लैप्रोस्कोपिक ऑन्कोलॉजिकल सर्जरी सफलतापूर्वक की गईं।
1. _लैप्रोस्कोपिक रेडिकल सिस्टेक्टोमी + लैप्रोस्कोपिक नेफ्रेक्टोमी_ – 2 मामले
2. _लैप्रोस्कोपिक रेडिकल प्रोस्टेटेक्टोमी_ – 1 मामला
*लैप्रोस्कोपिक सर्जरी के लाभ:*
कैंसर जैसी जटिल बीमारियों में लैप्रोस्कोपिक/दूरबीन द्वारा की जाने वाली सर्जरी मरीजों के लिए अत्यंत लाभकारी है। इसके प्रमुख फायदे हैं –
– *छोटे चीरे:* जिससे ऑपरेशन के बाद दर्द कम होता है और संक्रमण का खतरा घटता है
– *जल्दी रिकवरी:* मरीज कम समय में ही सामान्य जीवन शुरू कर सकते हैं
– *कम रक्तस्राव* और *अस्पताल में भर्ती की अवधि कम*
– *बेहतर कॉस्मेटिक परिणाम* और शरीर पर कम तनाव
इस टीम का नेतृत्व *प्रोफेसर एवं विभागाध्यक्ष डॉ. मनोज बिस्वास* ने किया। उनके साथ *एसोसिएट प्रोफेसर डॉ. अमन गुप्ता*, *सहायक प्रोफेसर डॉ. हर्षित तयाल*, यूरोलॉजी विभाग एवं *सहायक प्रोफेसर डॉ. कुलदीप*, एनेस्थीसिया विभाग का महत्वपूर्ण योगदान रहा। इन सभी जटिल सर्जरी में एडवांस लैप्रोस्कोपिक डिसेक्शन, वेसल कंट्रोल और इंट्राकॉर्पोरियल रिकंस्ट्रक्शन किया गया। सभी मरीज स्थिर हैं और तेजी से रिकवर कर रहे हैं।
इस उपलब्धि के लिए विभाग ने कॉलेज की *प्राचार्या डॉ. गीता जैन मैडम* एवं *चिकित्सा अधीक्षक डॉ. आर. एस. बिष्ट सर* के निरंतर मार्गदर्शन एवं सहयोग के लिए धन्यवाद व्यक्त किया। साथ ही एनेस्थीसिया टीम, ओ.टी. स्टाफ एवं नर्सिंग स्टाफ के समर्पण और परिश्रम की भी सराहना की गई, जिनके सहयोग से यह संभव हो पाया।
सरकारी दून मेडिकल कॉलेज न्यूनतम इनवेसिव सर्जरी के माध्यम से उत्तराखंड में उच्च स्तरीय कैंसर देखभाल प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।